बिल्डर ने एक ही संपत्ति दो लोगों के बेचकर बैंक से लिया लोन
बैंक की जांच में मामला सामने आने पर दर्ज करवाया गया मुकदमा
सूर्या बुलेटिन
गाजियाबाद। कौशांबी थाना क्षेत्र में एक ही फ्लैट पर दो बार लोन लेने का मामला सामने आया है। फ्लैट के आवंटी ने मामले की शिकायत बैंक प्रबंधन से की। बैंक प्रबंधन की जांच में मामला सही पाया गया। जिसके बाद बैंक प्रबंधन की ओर से दो बिल्डर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करवाई गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
आईसीआईसीआई बैंक की कौशांबी शाखा के प्रबंधक नवीन सेमवाल के अनुसार इंदिरापुरम थाना क्षेत्र के वैभव खंड की शिप्रा सृष्टि सोसायटी के टावर नंबर चार में एक फ्लैट के लिए बिल्डर की ओर से गौरव त्रिपाठी और शिवानी त्रिपाठी ने 2016 में लोन लिया था। बैंक ने कागजों की जांच के बाद लगभग 71 करोड़ रुपए का लोन स्वीकृत कर लिया था। यह लोन बिल्डर को चुकाना था। बिल्डर के जरिए दोनों आवेदनकर्ता लोन की किश्त भर रहे थे। इस सोसायटी का निर्माण शिप्रा एस्टेट और जय कृष्णा एस्टेट द्वारा किया जा रहा है। काम लगभग 75 प्रतिशत पूरा हो चुका है। अचानक गौरव त्रिपाठी ने लोन की किश्त जमा करना बंद कर दिया। गौरव की ओर से शिकायत की गई कि बिल्डर उन्हें लोन की किश्त नहीं दे रहा है, इसके साथ ही उन्होंने यह भी शिकायत की, कि बिल्डर ने उनके फ्लैट पर किसी और को भी लोन दिलवा दिया गया। इस शिकायत की जांच की गई तो पाया गया कि 2018 में सीमा कौशिक के नाम से उसी फ्लैट के कागजों में कुछ फेरबदल करके लोन स्वीकृत करवाया गया है। हालांकि सीमा कौशिक की ओर से लिया गया लोन पूरा चुका दिया गया है। बैंक प्रबंधक नवीन सेमवाल के अनुसार बिल्डर ने एक खरीदार की प्रोफाइल का प्रयोग करके लोन लिया और फिर उसको आवंटित फ्लैट किसी और को बेचकर दोबारा से लोन ले लिया। मामले में बैंक प्रबंधक की ओर से शिप्रा एस्टेट और जय कृष्णा एस्टेट के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करवाई गई है। एसीपी इंदिरापुरम अभिषेक श्रीवास्तव ने बताया कि शिकायत के आधार पर रिपोर्ट दर्ज करके जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे उनके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।



