जीडीए बोर्ड की बैठक आज, नए मास्टर प्लान पर लग सकती है मुहर

सूर्या बुलेटिन : विभिन्न कारणों से लंबे समय से टल रही जीडीए की बोर्ड आज मेरठ मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह के कार्यालय सभागार में होगी। नया मास्टर प्लान 2031, जिसके लागू होने से डासना, लोनी, मोदीनगर व मुरादनगर की करीब 55 हजार हेक्टेयर जमीन का भू-उपयोग कृषि से आवासीय, व्यावसायिक, औद्योगिक, ग्रीन बेल्ट व अन्य उपयोग में परिवर्तित होगा।
मंडलायुक्त की अध्यक्षता में जीडीए बोर्ड के पदाधिकारी व सदस्य नए मास्टर प्लान पर विस्तार से चर्चा करेंगे। सभी की सहमति बनने पर इस पर मुहर लग सकती है। वित्तीय वर्ष 2022-23 के लिए प्राधिकरण का बजट भी पेश किया जाएगा।
वैशाली मेट्रो स्टेशन से मोहननगर, नया बस अड्डा मेट्रो स्टेशन से गाजियाबाद रेलवे स्टेशन, वैशाली मेट्रो स्टेशन से नोएडा सेक्टर-62 मेट्रो स्टेशन, राजनगर एक्सटेंशन चौराहा, मेरठ रोड से हिंडन रिवर मेट्रो स्टेशन तक चार रूट पर रोपवे प्रोजेक्ट का निर्माण पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप मोड़ पर तय किए जाने, प्राधिकरण की अनिस्तारित संपत्तियों का सेक्टर रेट मार्च 2023 तक फ्रीज करने, ई-निविदा में असफल ठेकेदारों की धरोहर धनराशि की वापसी में संशोधन, अर्थला में जमीन का भू-उपयोग परिवर्तन, गोविंदपुरम में एक भूखंड का भू-उपयोग पेट्रोल पंप से व्यावसायिक किए जाने समेत कुल 21 प्रस्ताव बोर्ड बैठक में रखे जाएंगे।
जीडीए उपाध्यक्ष कृष्णा करुणेश ने बताया कि बोर्ड बैठक के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। सभी प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा होगी। बोर्ड की सहमति के बाद ही प्रत्येक प्रस्ताव पर मुहर लगेगी।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले नगर निगम कार्यकारिणी बैठक में शुक्रवार को डीएम सर्किल रेट पर संपत्ति कर लगाने का प्रस्ताव बिना किसी चर्चा के सीधे सदन भेज दिया गया। कार्यकारिणी ने इस पर चर्चा करने से अपने हाथ खींच लिए। नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर ने प्रस्ताव को पास करने की सिफारिश की। इसके साथ ही स्मार्ट इंटीग्रेटेड पार्किंग मैनेजमेंट सिस्टम और जीआइएस सर्वे पर चर्चा तो हुई, लेकिन इसे भी सीधे सदन भेजने की बात कह दी गई। आडिटोरियम व रमतेराम रोड स्थित शापिंग कांप्लेक्सको निजी हाथों में और पार्क निजी संस्थाओं को देने के साथ वित्त वर्ष 2022-23 के लिए बजट समेत 13 प्रस्ताव पास हुए और कर वसूली के लिए हर जोन में चार लोगों की नियुक्ति के प्रस्ताव को कार्यकारिणी ने रद कर दिया। बैठक में हंगामा नहीं हुआ। अब इन प्रस्तावों को बोर्ड बैठक में रखा जाएगा, जो अगले हफ्ते हो सकती है।